उन्नाव (उत्तर प्रदेश) : माखी थाना क्षेत्र में चार साल पहले हुई दहेज हत्या के मामले में अपर जिला जज प्रथम की अदालत ने दोषी राजकुमार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश कविता मिश्रा ने दोषी पर 28 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
पीड़िता रिंकी के पिता संतोष कुमार ने 8 दिसंबर 2022 को माखी थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्होंने दामाद राजकुमार पर दहेज न मिलने पर बेटी की हत्या का आरोप लगाया था।
मामले की डिटेल्स:
रिंकी की शादी राजकुमार से वर्ष 2015 में हुई थी। शादी के बाद राजकुमार दहेज से संतुष्ट नहीं था और लगातार तीन लाख रुपये की अतिरिक्त मांग करता रहा। मांग पूरी न होने पर वह रिंकी को रोज पीटता था। 8 दिसंबर 2022 को ससुराल से रिंकी की हत्या की सूचना मिली। जब संतोष कुमार पहुंचे तो पूरे ससुराली पक्ष घर से फरार थे।
पुलिस ने राजकुमार को 11 दिसंबर 2022 को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। मामले की विवेचना तत्कालीन सीओ सफीपुर माया राय ने की थी। उन्होंने मजबूत साक्ष्य जुटाकर आरोप पत्र दाखिल किया। यह मुकदमा पिछले चार वर्षों से अपर जिला जज प्रथम की अदालत में चल रहा था।
आज फैसला सुनाते हुए न्यायाधीश कविता मिश्रा ने राजकुमार को दहेज हत्या का दोषी करार दिया और आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
परिवार के सदस्यों ने फैसले का स्वागत किया है, लेकिन उन्होंने कहा कि बेटी की मौत का दर्द कभी कम नहीं होगा। पुलिस और अदालत की इस कार्रवाई को दहेज हत्याओं के खिलाफ सख्त रुख के रूप में देखा जा रहा है।

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